पूर्वांचल एक्सप्रेस-वे का काम सितंबर में होगा शुरू, जानिए 10 खास बातें

0
22

पूर्वांचल एक्सप्रेस-वे बनाने की प्रक्रिया में अब तेजी आएगी। यूपीडा के मुख्य कार्यपालक अधिकारी ने निर्माण के लिए चयनित सभी कंपनियों को एक्सप्रेस-वे का काम शुरू करने की कार्यवाही पूरी करने को कहा है। काम शुरू करने की तिथि अगस्त में बताई जाएगी। कंपनियां सितंबर मध्य से काम शुरू करने की योजना बना लें।

पूर्वांचल एक्सप्रेस वे का काम शुरू करने के लिए 21 को यूपीडा कार्यालय में सीईओ अवनीश कुमार अवस्थी की अध्यक्षता में बैठक हुई। इस बैठक में एक्सप्रेस-वे के काम के लिए चुने गए सभी कंपनियों के प्रतिनिधि के साथ ही अथारिटी के इंजीनियर उपस्थित थे।

लखनऊ छोड़ सभी जिलों में 90 फीसदी जमीन अधिग्रहित

बैठक में कंपनियों को बताया गया कि लखनऊ को छोड़ सभी जनपदों जैसे बाराबंकी, अमेठी, सुल्तानपुर, फैजाबाद, अंबेडकरनगर, आजमगढ़, मऊ और गाजीपुर में 90 फीसदी जमीन अधिग्रहित कर ली गई है। लखनऊ में भी शेष भूमि का अधिग्रहण एक महीने के अंदर कर लिए जाने की उम्मीद है। 15295 में से 12000 बाउंड्री पिलर संबंधित स्थान पर लगा दिए गए हैं। बैठक के दौरान कंपनियों ने 30 जुलाई तक अनुबंध पर हस्ताक्षर करने की सहमति दी। कंपनियों से कहा गया कि 10 दिनों के अंदर वे अपने पैकेज तथा प्रोजेक्ट मैनेजरों के नाम यूपीडा को उपलब्ध करा दें।

वेट लैंड से कंपनियां कर सकेंगी मिट्टी की खुदाई

निदेशक रिमोट सेंसिंग एप्लीकेशन सेंटर उत्तर प्रदेश द्वारा दी गई सूची कंपनियों को दी गई। बताया गया कि एक्सप्रेस वे के दोनों तरफ 10 किमी. में वेट लैंड कहां है। इस वेट लैंड से मिट्टी की खुदाई कर सकेंगे। एक्सप्रेस वे में पर्यावरण मंत्रालय के निर्देशों के क्रम में प्लाईएश का प्रयोग किया जाएगा। श्री अवस्थी ने निर्देश दिया कि एक्सप्रेस-वे से संबंधित जिलों के जिलाधिकारियों को कंपनियों के नाम तथा स्थिति से अवगत करा दिया जाए।

इसके बारे में 10 खास बातें- 

1. यह 6 लेन चौड़ा होगा। इसका विस्तार 8 लेन तक किया जा सकेगा।
2. पूर्वांचल एक्सप्रेस-वे लखनऊ, बाराबंकी, अमेठी, अंबेडकरनगर, फैजाबाद, सुल्तानपुर, आजमगढ़, मऊ और गाजीपुर से होकर गुजरेगा।
3. इस प्रोजेक्ट पर 23,349 करोड़ रुपये का खर्च आएगा। यह करीब 3 सालों में पूरा होगा।
4. एक्सप्रेस वे की कुल लंबाई 341 किलोमीटर होगी। यह लखनऊ-आगरा एक्सप्रेस-वे और दिल्ली-आगरा को जोड़ने वाले यमुना एक्सप्रेस-वे से भी लिंक होगा। यानी इसके बनने से दिल्ली से पूर्वी यूपी आने-जाने में लगने वाला समय काफी कम हो जाएगा। ये एक्सप्रेस-वे लखनऊ के चंदसराय गांव से गाजीपुर के हैदरिया गांव तक बनेगा।
5. यह एक अलग लिंग से वाराणसी से भी जुड़ेगा।

6. हाईवे के आसपास कृषि,  मण्डी, कोल्ड स्टोरेज, इंडस्ट्रियल ट्रेनिंग इंस्टीट्यूट, पर्यटन, दुग्ध आधारित उद्योगों, फूड प्रोसेसिंग यूनिट, हैंडलूम उद्योग का विकास होगा।
7. एक्सप्रेस वे के राइट ऑफ वे की चौड़ाई 120 मीटर, जिससे एक ओर 3.75 मी. चौड़ाई के सर्विस रोड का निर्माण होगा।
8. हाईवे पर 10 किमी. दूरी पर स्थित ग्रामों की मुख्य मार्ग से कनेक्टिविटी होगी।
9. परियोजना के लिए करीब 93 प्रतिशत भूमि पर कब्जा पूरा हो चुका है।
10. सुल्तानपुर जिले में आपात स्थिति में एयर फोर्स के लड़ाकू विमान उतर सके, इसके लिए एक एयर स्ट्रिप (हवाई पट्टी) भी बनाई जाएगी। इसकी लंबाई 4.70 किमी. होगी

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here